शिवसेना उद्धव गुट में महाबगावत के बीच आज शिवसेना के दोनों गुट शिवसेना का 60वां स्थापना दिवस मना रहे हैं। शिंदे शिवसेना का स्थापना दिवस कार्यक्रम गोरेगांव स्थित नेस्को सेंटर में हो रहा है। शाम 6 बजे से शुरू होने वाले इस कार्यक्रम को डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे संबोधित करेंगे। इस दौरान पार्टी के सभी सांसद और विधायक मौजूद रहेंगे।
वहीं, दूसरी ओर, उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिवसेना यूबीटी का स्थापना दिवस कार्यक्रम सायन-माटुंगा स्थित शणमुखानंद हॉल में है। शाम 7:30 बजे उद्धव ठाकरे कार्यकर्ताओं को संबोधित करेंगे। जाहिर है उद्धव ठाकरे आज अपने कार्यकर्ताओं में जोश भरने के लिए बागियों पर जरूर निशाना साधेंगे।
UBT के 6 बागी सांसदों पर सबकी नजर
इस कार्यक्रम का सबसे बड़ा आकर्षण उद्धव ठाकरे गुट से अलग हुए 6 सांसद माने जा रहे हैं। सूत्रों के अनुसार, स्थापना दिवस के मंच से उनके शिंदे शिवसेना में शामिल होने की औपचारिक घोषणा हो सकती है। हालांकि पार्टी की ओर से अभी तक इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
4 साल में दूसरी बड़ी बगावत
4 साल में यह शिवसेना में दूसरी बड़ी टूट है। जून 2022 में एकनाथ शिंदे के नेतृत्व में 39 विधायकों ने बगावत कर शिवसेना का अलग गुट बनाया था। पहले उम्मीद की जा रही थी कि बागी सांसद शिवसेना के स्थापना दिवस के दिन ही शिंदे गुट में शामिल होने का ऐलान कर सकते हैं लेकिन उद्धव गुट के कड़े विरोध के बाद इसकी अब गुंजाइश कम दिख रही है।
बागी सांसदों पर होगी कानूनी कार्रवाई?
वहीं गुरुवार को शिवसेना UBT की मीटिंग में बागी सांसदों के नहीं पहुंचने पर उद्धव गुट अब कानूनी कार्रवाई करने के मूड में हैं। पार्टी ने सभी 6 बागी सांसदों को नोटिस जारी करके 7 दिन में जवाब देने को कहा है। पार्टी ने साफ कर दिया है कि अगर नोटिस का जवाब नहीं मिला तो फिर बागी सांसदों पर कानूनी कार्रवाई होगी।
उद्धव पर क्या आरोप लगाया?
बताया जा रहा है कि एक दिन पहले इन सांसदों ने लोकसभा स्पीकर को चिट्ठी सौंपी थी, जिसमें उन्होंने उद्धव से अलग होने की वजह बताई है। उनका दावा है कि ठाकरे गुट के सीनियर नेता शिवसेना का विलय कांग्रेस में करना चाहते थे। बागी सांसदों ने आरोप लगाया कि उद्धव विचारधारा बदल चुके हैं। पार्टी का अस्तित्व बचाने के लिए हम अलग हो रहे हैं। बताया जा रहा है कि उद्धव के ये बागी सांसद शिंदे गुट की शिवसेना में शामिल हो सकते हैं।
लोकसभा में अलग गुट के तौर पर मान्यता देने की मांग
सूत्रों की मानें तो उद्धव ठाकरे गुट के बागी सांसदों ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को अपने साइन करके लेटर सौंप दिए हैं। इसमें सांसदों ने लोकसभा में अलग गुट के तौर पर मान्यता देने की मांग की है। इसके साथ ही उन्होंने संसद में अपना अलग सिटिंग अरेंजमेंट किए जाने का भी अनुरोध किया है।
जयपुर पहुंचे उद्धव के बागी, शिंदे से मिलाएंगे हाथ
बताया जा रहा है कि 22 जून को ये सभी बागी सांसद एकनाथ शिंदे की मौजूदगी में शिवसेना में शामिल हो सकते हैं। वहीं बागी सांसदों के दोबारा हृदय परिवर्तन ना हो इसके लिए शिंदे गुट पूरी तरह एक्टिव है। सूत्रों की मानें तो सभी 6 बागी सांसदों को दिल्ली से जयपुर शिफ्ट कर दिया गया है।
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